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गुरुवार, 15 मार्च 2012

Master aur Margarita - 26.4

मास्टर और मार्गारीटा 26.4

मार्क ने हैरत से न्यायाधीश की ओर देखा तो वह सँभल गया. नींद में बोले गए बेकार के शब्दों पर लीपा-पोती करने के लिए न्यायाधीश ने कहा, “बुरा न मानना, अंगरक्षक, मैं फिर कहता हूँ, मेरी हालत तुमसे भी बुरी है. क्या चाहते हो?”
 गुप्तचर सेवाओं का प्रमुख आने की आज्ञा चाहता है,” मार्क ने शांति से जवाब दिया.
 बुलाइए, बुलाइए,” खाँसते हुए, गले को साफ करके न्यायाधीश ने आज्ञा दी और नंगे पैरों को घुमाते हुए अपनी चप्पलें ढूँढ़ने लगा. रोशनी स्तम्भों पर खेल रही थी. अंगरक्षक के जूतों की ठक-ठक फर्श पर सुनाई दे रही थी. अंगरक्षक उद्यान में निकल गया.
चाँद की रोशनी में भी मुझे चैन नहीं,” दाँत पीसते हुए अपने आप से न्यायाधीश ने कहा.
बालकनी में अंगरक्षक के बदले टोपी वाला आदमी प्रकट हुआ.
 बांगा, छूना मत,” न्यायाधीश ने हौले से कहा और कुत्ते का सिर दबाते हुए उसे बैठा दिया.
बोलने से पहले अपनी आदत के मुताबिक अफ्रानी ने चारों ओर नज़रें घुमाकर देखा, उसने छाया में जाकर यह विश्वास कर लिया कि वहाँ बांगा के अलावा बालकनी में कोई नहीं है, फिर हौले से बोला, “प्रार्थना करता हूँ, मुझ पर मुकदमा चलाइए, न्यायाधीश! आपने ठीक कहा था. मैं किरियाफ के जूडा की रक्षा नहीं कर सका, उसे मार डाला गया है. मैं विनती करता हूँ कि मुझ पर मुकदमा चलाएँ और मुझे बर्खास्त करें.
अफ्रानी ने महसूस किया कि उसे चार आँखें घूर रही हैं, दो कुत्ते की और दो भेड़िए की.
अफ्रानी ने कोट के नीचे से दुहरी सील से बन्द की गई खून में लथपथ थैली निकाली.
 यह पैसों वाली थैली हत्यारे धर्मगुरू के मकान पर फेंक कर चले गए. इस थैली पर लगा हुआ खून किरियाफ के जूडा का है.
 कितना पैसा है, मुझे दिलचस्पी है?” पिलात ने थैली की ओर झुकते हुए पूछा.
 तीस टेट्राडाख्म.
न्यायाधीश हँस पड़ा और बोला, “बहुत कम है.
अफ्रानी चुप रहा.
 मृतक कहाँ है?”
 यह मुझे नहीं मालूम,” शांत सम्मानजनक भाव से उस आदमी ने जवाब दिया, जो कभी भी अपनी टोपी नहीं उतारता था, सुबह उसकी तलाश शुरू करेंगे.
न्यायाधीश काँप गया, उसने सैण्डिल का बन्द यूँ ही छोड़ दिया, जो बाँधे नहीं बँध रहा था.
 मगर आपको शायद मालूम है कि वह मार डाला गया है?”
इसके जवाब में न्यायाधीश को रूखा-सा जवाब मिला, “न्यायाधीश, मैं पन्द्रह साल से जूडिया में काम कर रहा हूँ. मैंने अपनी सेवा का आरम्भ वालेरी ग्रांट के समय से किया था. मुझे यह देखने के लिए शव देखने की ज़रूरत नहीं है कि आदमी की हत्या हो गई है और मैं आपको सूचना दे रहा हूँ कि वह, जिसे किरियाफ शहर के जूडा के नाम से जाना जाता है, कुछ घण्टॉं पहले मार डाला गया है.
 माफ़ करना, अफ्रानी,” पिलात ने जवाब दिया, “मैं अभी ठीक से जागा नहीं हूँ, इसीलिए मैंने यह सब कहा. मैं ठीक से सो नहीं पा रहा हूँ,” न्यायाधीश मुस्कुराया, “और हमेशा सपने में चाँद की रोशनी देखा करता हूँ. कल्पना कीजिए, यह कितना हास्यास्पद है. ऐसा लगता है, मानो मैं इस रोशनी में घूम रहा हूँ. तो मैं इस घटना के बारे में आपकी राय जानना चाहता हूँ. आप उसे कहाँ ढूँढ़ेंगे? बैठिए, गुप्तचर सेवा प्रमुख.
अफ्रानी झुककर अभिवादन करके, कुर्सी बिस्तर के निकट खिसकाकर, तलवार की झँकार करते हुए बैठ गया.
 मैं उसे गेफसिमान उद्यान के तेलियों के कोल्हू के पास ढूँढ़ना चाहता हूँ.
 अच्छा, अच्छा, मगर वहीं क्यों?”
 महाबली, मेरी सूचना के अनुसार जूडा की हत्या न तो येरूशलम में हुई है और न ही उससे बहुत दूर. वह येरूशलम के निकट ही मारा गया है.
 मैं आपको अपने काम में बहुत प्रवीण मानता हूँ. मालूम नहीं रोम में क्या स्थिति है, मगर उपनिवेशों में तो आप जैसा कोई नहीं है. समझाइए, क्यों?”
अफ्रानी ने हौले से कहा, “मैं यह बात सोच भी नहीं सकता कि जूडा शहर की सीमा में, चहल-पहल में किसी सन्देहास्पद व्यक्तियों के हाथों में पड़ेगा. सड़क पर छिपकर मारना सम्भव नहीं है. इसका मतलब है, उसे फुसलाकर किसी तहख़ाने में ले जाया गया. मगर मेरे सैनिकों ने उसे निचले शहर में ढूँढ़ा, और ढूँढ़ ही लिया होता. मगर वह शहर में नहीं है, इस बात की मैं हामी देता हूँ. अगर उसे शहर से दूर मारा जाता तो पैसों वाली यह थैली इतनी जल्दी धर्मगुरू के घर नहीं फेंकी जाती. वह शहर के नज़दीक ही मारा गया है. उसे शहर से बाहर ले जाने में वे कामयाब हो गए.
 मैं समझ नहीं पा रहा, यह कैसे हुआ होगा.
 हाँ, न्यायाधीश, पूरी घटना में यही सबसे कठिन प्रश्न है और मैं नहीं जानता कि मैं उसे सुलझा सकूँगा या नहीं.
 सचमुच, पहेली ही है! त्यौहार की रात को, एक ईश्वर में विश्वास रखने वाला प्रार्थना और दावत को छोड़कर न जाने क्यों शहर से बाहर जाता है, और वहाँ ख़त्म हो जाता है. उसे कौन, कैसे फुसला सका? कहीं यह किसी औरत का काम तो नहीं है?” न्यायाधीश ने अचानक जोश से पूछ लिया.
अफ्रानी ने शांति से ज़ोर देते हुए कहा, “किसी हालत में नहीं, न्यायाधीश. यह सम्भावना तो है ही नहीं. ज़रा तर्कसंगत ढँग से देखिए. जूडा को मारने में किसे दिलचस्पी थी? कोई आवारा स्वप्नदर्शी ही हो सकता है, कोई ऐसा समूह, जिसमें कोई औरत थी ही नहीं शादी करने के न्यायाधीश, चाहिए; मानव को पृथ्वी पर लाने के लिए उनकी ज़रूरत है; मगर एक औरत की सहायता से किसी आदमी की करने के लिएतो बहुत सारे धन की आवश्यकता होती है, और किसी भी घुमक्कड़ के पास इतना धन नहीं है. इस काम में औरत थी ही नहीं, न्यायाधीश, मैं तो यह भी कहूँगा कि इस दिशा में सोचने से मैं दिशा में चलकर भूलभुलैया में पड़ जाऊँगा.
 मैं देख रहा हूँ कि आप एकदम सही हैं, अफ्रानी,” पिलात ने कहा, “मैं तो सिर्फ मन की बात कह रहा था.
 मगर, अफ़सोस, यह बात गलत है, न्यायाधीश.
 तो फिर, तो फिर क्या...?” न्यायाधीश उत्सुकतावश अफ्रानी के चेहरे की ओर देखते हुए चहका.
 मैं समझता हूँ कि वही धन ही इसका कारण है.
 बहुत अच्छा ख़याल है! मगर शहर के बाहर रात को उसे किसने पैसे देने की बात कही होगी?”
 ओह नहीं, न्यायाधीश, ऐसा नहीं है. मेरा सिर्फ एक ही निष्कर्ष है और यदि वह गलत है तो और कोई निष्कर्ष मैं नहीं निकाल सकता,” न्यायाधीश के निकट झुककर फुसफुसाया, “जूडा अपने धन को किसी सुनसान जगह पर छिपाना चाहता था, जिससे सिर्फ वही परिचित था.
 बहुत बारीकी से समझा रहे हैं. शायद ऐसा ही हुआ होगा. अब समझ रहा हूँ: उसे लोगों ने नहीं, अपने ही ख़यालों ने फुसलाया. हाँ, ऐसा ही है.
 हाँ, जूडा किसी का विश्वास नहीं करता था. वह पैसे लोगों से छिपा रहा था.
 आप कह रहे थे गेफसिमान में. मगर आप उसे वहीं क्यों ढूँढ़ना चाहते हैं मैं स्वीकार करता हूँ कि यह बात मैं समझ नहीं पा रहा हूँ.
 ओह, न्यायाधीश! यह बहुत आसान है. पैसे कोई रास्तों में खुली और खाली जगहों पर तो नहीं न छिपाएगा. जूडा न तो हेब्रोन वाले रास्ते पर था, न ही बेथनी वाले. वह वृक्षों से घिरे हुए सुरक्षित स्थान पर ही रहा होगा. यह इतना आसान है. और येरूशलम के पास, गेफसिमानिया के अलावा दूसरी ऐसी जगह है ही नहीं. दूर वह जा नहीं सकता था.
 आपने मेरा पूरी तरह समाधान कर दिया है. तो अब क्या करना है?”
 मैं जल्दी ही उन हत्यारों को ढूँढ़ना शुरू करूँगा, जो जूडा को शहर से बाहर फुसलाकर ले गए, और साथ ही मैं अपने आपको न्यायदेवता के अधीन करता हूँ.
 किसलिए?”
 जब वह कैफ के महल से वापस आ रहा था, मेरे सैनिकों ने उसे शाम को बाज़ार में खो दिया. यह कैसे हुआ, मैं समझ नहीं पा रहा. मेरे पूरे जीवन में ऐसा कभी नहीं हुआ था. हमारी बातचीत के फौरन बाद मैंने उसे अपनी  निगरानी में ले लिया था. मगर बाज़ार से वह कहीं खिसक गया, ऐसे कि उसका नामोनिशान ही खो गया.”
 “तो यह बात है! मैं आपको बता दूँ कि आप पर मुकदमा चलाने की मैं कोई ज़रूरत नहीं समझता. आपने वह सब किया जोसम्भव था,” न्यायाधीश मुस्कुराया, “और दुनिया में कोई भी इससे अधिक और कुछ कर नहीं सकता था! खोजी दल को ही सज़ा दीजिए, जो जूडा के पीछे थे. मगर मैं आपसे कहूँगा कि यह सज़ा कठोर नहीं होनी चाहिए. आक़ःइर हमने इस बदमाश को बचाने के लिए जो सम्भव था, सब किया! हाँ, मैं पूछना भूल गया...”न्यायाधीश ने माथा पोंछते हुए कहा, “उन्होंने कैफ का पैसा वापस कैसे फेंका?”
 “देखिए, न्यायाधीश...यह इतना कठिन नहीं है. बदला लेने वाले कैफ के महल के पिछवाड़े गए, जहाँ से एक गली निकलती है. वहीं उन्होंने चारदीवारी के ऊपर से थैली फेंक दी.”  
       “चिट्ठी के साथ?”

       “हाँ, ठीक वैसा ही जैसा आपने कहा था, न्यायाधीश. हाँ, देखिए,” अफ्रानी ने थैली पर लगी
       मुहर तोड़कर उसके अन्दर की चीज़ें पिलात को दिखाईं.

                                               क्रमशः

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